1.5 LCM और HCF Notes

1.5 LCM और HCF

विषय: रेलवे ग्रुप D – गणित (संख्या पद्धति) अध्याय: 1.5 LCM और HCF विषय-वस्तु: लघुत्तम समापवर्त्य, महत्तम समापवर्तक, अभाज्य गुणनखंड विधि

1. परिचय

लघुत्तम समापवर्त्य (LCM) दो या अधिक संख्याओं की वह सबसे छोटी धनात्मक संख्या है जो प्रत्येक दी गई संख्या से पूर्णतः विभाज्य हो। महत्तम समापवर्तक (HCF) दो या अधिक संख्याओं का वह सबसे बड़ा उभयनिष्ठ गुणनखंड है जो प्रत्येक संख्या को पूर्णतः विभाजित करता है। इसे GCD (Greatest Common Divisor) भी कहते हैं।

रेलवे ग्रुप D की परीक्षा में LCM और HCF से शब्दों पर आधारित प्रश्न (word problems) अधिक आते हैं, जैसे घंटियाँ एक साथ बजना, टाइलें बिछाना, सैनिकों की टोली बनाना, बर्तनों की माप आदि। इन प्रश्नों में यह निर्णय करना आवश्यक है कि प्रश्न में LCM का प्रयोग होगा या HCF का।

इस अध्याय में हम अभाज्य गुणनखंड विधि और भाग विधि से LCM व HCF ज्ञात करना, LCM तथा HCF के मध्य संबंध, भिन्नों के LCM-HCF तथा रेलवे परीक्षा स्तर के शब्द प्रश्नों का अध्ययन करेंगे। शब्द प्रश्नों में LCM और HCF की पहचान की तकनीक विशेष महत्व रखती है।

2. अभाज्य गुणनखंड विधि

अभाज्य गुणनखंड विधि से HCF: प्रत्येक संख्या को अभाज्य संख्याओं के गुणनफल के रूप में लिखें। फिर सभी संख्याओं में उभयनिष्ठ अभाज्य गुणनखंडों की न्यूनतम घात वाले गुणनखंडों का गुणनफल HCF होता है।

अभाज्य गुणनखंड विधि से LCM: सभी संख्याओं के अभाज्य गुणनखंडों में प्रत्येक अभाज्य गुणनखंड की अधिकतम घात वाली संख्या लेकर उनका गुणनफल LCM होता है।

हल सहित उदाहरण: 1. 12, 18 का HCF अभाज्य गुणनखंड विधि से ज्ञात कीजिए। हल: 12 = 2² × 3, 18 = 2 × 3²; उभयनिष्ठ न्यूनतम घात: 2¹ × 3¹ = 6। 2. 12, 18 का LCM ज्ञात कीजिए। हल: 2² × 3² = 4 × 9 = 36। 3. 15, 25, 30 का LCM ज्ञात कीजिए। हल: 15 = 3 × 5, 25 = 5², 30 = 2 × 3 × 5; LCM = 2 × 3 × 5² = 150। 4. 16, 24 का HCF ज्ञात कीजिए। हल: 16 = 2⁴, 24 = 2³ × 3; HCF = 2³ = 8।

3. भाग विधि और LCM-HCF संबंध

भाग विधि से HCF: बड़ी संख्या को छोटी संख्या से भाग दें, फिर शेष से भाजक को भाग दें; यह प्रक्रिया तब तक दोहराएँ जब तक शेष शून्य न हो। अंतिम भाजक ही HCF होता है। तीन से अधिक संख्याओं के लिए पहले दो का HCF निकालें, फिर उससे तीसरी का HCF ज्ञात करें।

भाग विधि से LCM: सभी संख्याओं को एक साथ उभयनिष्ठ अभाज्य संख्याओं से विभाजित करते जाएँ; जो संख्या विभाज्य न हो उसे नीचे वैसे ही लिखें। अंत में सभी भाजकों और शेष संख्याओं का गुणनफल LCM होता है।

महत्वपूर्ण संबंध: दो संख्याओं के लिए LCM × HCF = पहली संख्या × दूसरी संख्या।

हल सहित उदाहरण: 1. भाग विधि से 36, 48 का HCF ज्ञात कीजिए। हल: 48 ÷ 36 → शेष 12; 36 ÷ 12 → शेष 0; अतः HCF = 12। 2. 36, 48 का LCM ज्ञात कीजिए। हल: LCM × HCF = 36 × 48, अतः LCM = 1728/12 = 144। 3. 15 और 25 का LCM ज्ञात कीजिए जब HCF 5 है। हल: LCM = (15 × 25)/5 = 75। 4. 24 = 2³ × 3 है, तो 24 के कुल कितने भाजक हैं? हल: (3 + 1)(1 + 1) = 8 भाजक।

4. LCM और HCF पर आधारित शब्द प्रश्न

LCM कब प्रयोग करें: जब प्रश्न में दोहराव, चक्र, एक साथ मिलना, अगली बार मिलना, समय ज्ञात करना हो। जैसे घंटियाँ, ट्रैफिक लाइट, एक साथ दौड़ पूरी करना।

HCF कब प्रयोग करें: जब प्रश्न में किसी वस्तु को बराबर-बराबर भागों में बाँटना, अधिकतम माप, अधिकतम क्षमता, अधिकतम सदस्यों की टोली ज्ञात करनी हो।

हल सहित उदाहरण: 1. दो घंटियाँ क्रमशः 12 और 18 मिनट के अंतराल पर बजती हैं। कितने मिनट बाद दोनों एक साथ बजेंगी? हल: LCM(12, 18) = 36 मिनट। 2. 45 और 60 मीटर लंबे कपड़े की अधिकतम लंबाई कितनी होगी जिससे दोनों पूरे कट सकें? हल: HCF(45, 60) = 15 मीटर। 3. तीन घंटियाँ 6, 8, 12 सेकंड पर बजती हैं। कितने सेकंड बाद तीनों एक साथ बजेंगी? हल: LCM(6, 8, 12) = 24 सेकंड। 4. 24 और 36 विद्यार्थियों की दो कक्षाओं को बराबर-बराबर टोलियों में बाँटने के लिए अधिकतम टोली का आकार? हल: HCF(24, 36) = 12। 5. 3 से विभाजित करने पर 2, 5 से विभाजित करने पर 4 और 7 से विभाजित करने पर 6 शेष देने वाली सबसे छोटी संख्या ज्ञात कीजिए। हल: यहाँ संख्या = LCM(3, 5, 7) − 1 = 105 − 1 = 104।

5. त्वरित पुनरावृत्ति तालिकाएँ

तालिका 1

कुछ संख्याओं के LCM और HCF | संख्याएँ | अभाज्य गुणनखंड | HCF | LCM | | --- | --- | --- | --- | | 12, 18 | 12 = 2²×3, 18 = 2×3² | 6 | 36 | | 15, 25 | 15 = 3×5, 25 = 5² | 5 | 75 | | 16, 24 | 16 = 2⁴, 24 = 2³×3 | 8 | 48 | | 9, 12, 18 | 9 = 3², 12 = 2²×3, 18 = 2×3² | 3 | 36 |

तालिका 2

शब्द प्रश्न में LCM या HCF की पहचान | संकेत | स्थिति | विधि | | --- | --- | --- | | एक साथ बजना, मिलना | घंटियाँ, ट्रैफिक लाइट | LCM | | अधिकतम माप | कपड़ा काटना, बर्तन | HCF | | न्यूनतम संख्या | किसी संख्या से विभाज्य | LCM | | बराबर टोली | विद्यार्थियों का बँटवारा | HCF | | सबसे छोटी संख्या | शेष वाले प्रश्न | LCM फिर समायोजन |

6. माइंड मैप

flowchart TD
    A[LCM और HCF] --> B[अभाज्य गुणनखंड विधि]
    A --> C[भाग विधि]
    A --> D[शब्द प्रश्न]
    B --> E[HCF: न्यूनतम घात का गुणनफल]
    B --> F[LCM: अधिकतम घात का गुणनफल]
    C --> G[शेष शून्य तक भाग देते रहें]
    D --> H[समय-मिलन: LCM]
    D --> I[बाँटना-मापना: HCF]

7. महत्वपूर्ण आरेख (SVG)

अभाज्य गुणनखंड वृक्ष (24) 24 4 6 2 2 2 3 24 = 2 × 2 × 2 × 3 = 2³ × 3 भाजकों की संख्या = (3 + 1)(1 + 1) = 8 स्वर्ण नियम HCF न्यूनतम घात से और LCM अधिकतम घात से बनता है।

दो संख्याओं का LCM और HCF 12 का भाजक 18 का भाजक HCF = 6 2, 4 3, 9 LCM × HCF = 12 × 18 36 × 6 = 216 = 12 × 18 स्वर्ण नियम दो संख्याओं के लिए LCM × HCF = दोनों संख्याओं का गुणनफल।

8. सामान्य गलतियाँ

  1. HCF में अधिकतम घात वाले गुणनखंड लेना। HCF के लिए न्यूनतम घात आवश्यक है।
  2. LCM में न्यूनतम घात लेना। LCM के लिए अधिकतम घात वाले गुणनखंड लिए जाते हैं।
  3. शब्द प्रश्न में HCF और LCM का गलत चयन करना। बाँटने-मापने में HCF, मिलने-समय में LCM।
  4. LCM × HCF = दोनों संख्याओं का गुणनफल का नियम तीन संख्याओं पर लागू करना।
  5. भाग विधि में शेष को भाजक बनाने की प्रक्रिया में त्रुटि करना।
  6. शेष वाले प्रश्नों में उत्तर को −1 या +1 से समायोजित करना भूल जाना।

9. परीक्षा युक्तियाँ

  1. किसी प्रश्न में पहले तय करें कि उत्तर घटेगा या बढ़ेगा; घटेगा तो HCF, बढ़ेगा तो LCM।
  2. LCM × HCF = गुणनफल सूत्र का प्रयोग करके शीघ्र उत्तर निकालें जब एक ज्ञात हो।
  3. अभाज्य गुणनखंड को घात रूप में लिखकर HCF-LCM ज्ञात करें, इससे भूल कम होती है।
  4. भिन्नों का LCM = (अंशों का LCM)/(हरों का HCF) तथा HCF = (अंशों का HCF)/(हरों का LCM) कंठस्थ रखें।
  5. शेष वाले प्रश्नों में जब सभी शेष समान हों तो LCM में शेष जोड़ें, जब कमी समान हो तो घटाएँ।
  6. विकल्पों को विभाजित करके सत्यापन करें; उत्तर दी गई संख्याओं से पूर्णतः विभाज्य होना चाहिए।

10. निष्कर्ष

LCM और HCF संख्या पद्धति के वे आधारभूत अवधारणाएँ हैं जिनका प्रयोग भिन्न, औसत, अनुपात तथा समय-कार्य जैसे अनेक विषयों में होता है। रेलवे ग्रुप D परीक्षा में इन पर आधारित शब्द प्रश्न अधिकतर अंक दिलाने वाले होते हैं। विधियों का नियमित अभ्यास तथा शब्द प्रश्नों में LCM-HCF के सही चयन की समझ से उम्मीदवार इन प्रश्नों में सरलता से सफलता प्राप्त कर सकते हैं।