विषय: रेलवे NTPC – गणित (संख्या पद्धति) अध्याय: 1.8 संख्या आधारित प्रश्न विषय-वस्तु: इकाई अंक, विभाज्यता, संख्या रहस्य
संख्या आधारित प्रश्न एनटीपीसी परीक्षा के सबसे महत्वपूर्ण प्रश्नों में से हैं, क्योंकि इनमें सीधे और तेज़ हल की विधियाँ शामिल होती हैं। इस अध्याय में हम इकाई अंक (Unit Digit), विभाज्यता के नियम (Divisibility Rules) और विभिन्न संख्या रहस्यों (Number Tricks) का अध्ययन करेंगे। ये प्रश्न परीक्षा में अक्सर पूछे जाते हैं और इन्हें सही विधि से हल करने पर बहुत कम समय लगता है।
इकाई अंक के प्रश्नों में घातांकों वाली संख्याओं का अंतिम अंक ज्ञात करना होता है। घातांक के बड़े मान होने पर पूरी गणना करना असंभव है, इसलिए इकाई अंक की आवर्ती (Cyclicity) को समझना आवश्यक है। इसी प्रकार, विभाज्यता के नियम बताते हैं कि किसी संख्या को बिना पूरी भाग दिए ही यह कैसे ज्ञात किया जाए कि वह किसी विशेष संख्या से विभाज्य है या नहीं। ये नियम सरलीकरण और LCM-HCF के प्रश्नों में भी उपयोगी होते हैं।
संख्या रहस्यों में विभिन्न श्रेणियों के प्रश्न शामिल हैं, जैसे विभाज्यता से जुड़ी सबसे छोटी-बड़ी संख्या, अंकों के योग और गुणनफल से संख्या ज्ञात करना, तथा पूर्ण वर्ग संख्याओं की पहचान। इन सभी अवधारणाओं को समझकर और अभ्यास करके अभ्यर्थी एनटीपीसी परीक्षा में इस अध्याय के प्रश्नों को सरलता से हल कर सकता है।
किसी संख्या का इकाई अंक उस संख्या का सबसे दाएं स्थित अंक होता है। जब हमें किसी बड़े घातांक वाली संख्या का इकाई अंक ज्ञात करना होता है, तो हम इकाई अंक की आवर्ती (Cyclicity) का प्रयोग करते हैं। प्रत्येक अंक के इकाई अंक के वर्ग/घातों में एक निश्चित पैटर्न दोहराया जाता है।
इकाई अंक की आवर्ती (Cyclicity):
इकाई अंक ज्ञात करने की विधि: - घातांक को आवर्ती की संख्या से विभाजित करें। - यदि शेषफल r है, तो आवर्ती अनुक्रम का r-वां अंक इकाई अंक होगा। - यदि शेषफल 0 है, तो आवर्ती अनुक्रम का अंतिम अंक इकाई अंक होगा।
गुणनफल का इकाई अंक: किसी गुणनफल का इकाई अंक, सभी संख्याओं के इकाई अंकों के गुणनफल के इकाई अंक के बराबर होता है।
उदाहरण 1: 3⁷ का इकाई अंक ज्ञात कीजिए।
हल: 3 की आवर्ती: 3, 9, 7, 1 (4 अंक)। घातांक 7 को 4 से विभाजित करें: 7 ÷ 4 = 1 शेष 3। शेष 3 का अर्थ आवर्ती अनुक्रम का तीसरा अंक = 7। उत्तर: 7
उदाहरण 2: 7²³ का इकाई अंक ज्ञात कीजिए।
हल: 7 की आवर्ती: 7, 9, 3, 1 (4 अंक)। 23 ÷ 4 = 5 शेष 3। तीसरा अंक = 3। उत्तर: 3
उदाहरण 3: 6²⁰ का इकाई अंक ज्ञात कीजिए।
हल: 6 का कोई भी घात लेने पर इकाई अंक 6 ही रहता है। अतः 6²⁰ का इकाई अंक 6 है। उत्तर: 6
उदाहरण 4: 17 × 23 × 19 का इकाई अंक ज्ञात कीजिए।
हल: इकाई अंकों का गुणनफल: 7 × 3 × 9 = 189। 189 का इकाई अंक 9 है। अतः गुणनफल का इकाई अंक 9 है। उत्तर: 9
विभाज्यता के नियम बताते हैं कि किसी संख्या को बिना भाग किए यह कैसे ज्ञात करें कि वह किसी विशेष संख्या से विभाज्य है या नहीं। एनटीपीसी परीक्षा के लिए निम्नलिखित नियम महत्वपूर्ण हैं:
विशेष नियम: - 25 से विभाज्यता: अंतिम दो अंक 00, 25, 50 या 75 हों। - 7 का नियम: संख्या के अंतिम अंक को दुगुना करके शेष संख्या से घटाएं; यदि परिणाम 7 का गुणज हो, तो संख्या 7 से विभाज्य है।
मिश्रित नियम: 12 से विभाज्यता के लिए संख्या 3 और 4 दोनों से विभाज्य होनी चाहिए। 15 के लिए 3 और 5, 18 के लिए 2 और 9, 24 के लिए 3 और 8 दोनों से विभाज्य होनी चाहिए।
उदाहरण 5: क्या 5724, 3 से विभाज्य है?
हल: अंकों का योग = 5 + 7 + 2 + 4 = 18। 18, 3 से विभाज्य है, अतः 5724 भी 3 से विभाज्य है। उत्तर: हाँ
उदाहरण 6: क्या 5724, 4 से विभाज्य है?
हल: अंतिम दो अंक 24 हैं, और 24, 4 से विभाज्य है, अतः 5724, 4 से विभाज्य है। चूंकि संख्या 3 और 4 दोनों से विभाज्य है, अतः यह 12 से भी विभाज्य है। उत्तर: हाँ, और 12 से भी
उदाहरण 7: क्या 7854, 11 से विभाज्य है?
हल: विषम स्थानों (1, 3, 5) के अंक: 7 + 5 + 4 = 16। सम स्थानों (2, 4) के अंक: 8 + 4 = 12। अंतर = 16 - 12 = 4। 4 न तो 0 है और न ही 11 का गुणज, अतः संख्या 11 से विभाज्य नहीं है। उत्तर: नहीं
उदाहरण 8: वह सबसे छोटी संख्या ज्ञात कीजिए जिसे 45 में जोड़ने पर योग 9 से विभाज्य हो।
हल: 45 के अंकों का योग = 9, जो पहले से 9 से विभाज्य है। अतः जोड़ने वाली सबसे छोटी संख्या 0 है। यदि केवल धनात्मक चाहिए तो 9 जोड़ने पर 54 प्राप्त होता है जो 9 से विभाज्य है। उत्तर: 9
संख्या आधारित प्रश्नों में कुछ विशेष रहस्य और सूत्र अत्यंत उपयोगी होते हैं, जिन्हें एनटीपीसी परीक्षा के लिए अवश्य याद रखना चाहिए:
1. पहली n प्राकृतिक संख्याओं के वर्गों का योग: n(n+1)(2n+1)/6
2. पहली n प्राकृतिक संख्याओं के घनों का योग: [n(n+1)/2]²
3. पहली n प्राकृतिक संख्याओं का योग: n(n+1)/2
4. पहली n विषम संख्याओं का योग: n²
5. पहली n सम संख्याओं का योग: n(n+1)
6. अंकों से संख्या बनाना: यदि दो अंकों की संख्या का दहाई का अंक x और इकाई का अंक y है, तो संख्या = 10x + y। संख्या का उलटा = 10y + x। दोनों का योग = 11(x + y) और अंतर = 9(x - y)।
7. पूर्ण वर्ग का इकाई अंक: पूर्ण वर्ग संख्या की इकाई 0, 1, 4, 5, 6, 9 में से एक होती है।
8. क्रमागत संख्याओं का योग: 1 से 100 तक की संख्याओं का योग = 5050।
9. विभाज्यता का विशेष उपयोग: किसी संख्या के अंकों का योग 9 से विभाज्य हो, तो संख्या 9 से विभाज्य है।
10. n! का अंत में शून्य: n! में अंत में शून्य की संख्या ज्ञात करने के लिए n को 5 की घातों से विभाजित करके भागफल जोड़ते हैं।
उदाहरण 9: एक दो अंकों की संख्या के अंकों का योग 9 है और अंकों के स्थान बदलने पर बनी संख्या मूल संख्या से 27 अधिक है। मूल संख्या ज्ञात कीजिए।
हल: माना इकाई का अंक y और दहाई का अंक x है। संख्या = 10x + y। प्रश्नानुसार x + y = 9 और (10y + x) - (10x + y) = 27, अर्थात 9y - 9x = 27, या y - x = 3। दोनों समीकरण जोड़ने पर: 2y = 12, y = 6। फिर x = 3। संख्या = 10(3) + 6 = 36। उत्तर: 36
उदाहरण 10: 25! के अंत में कितने शून्य हैं?
हल: 25 ÷ 5 = 5, फिर 5 ÷ 5 = 1। योग = 5 + 1 = 6। अतः 25! के अंत में 6 शून्य हैं। उत्तर: 6
उदाहरण 11: 1 से 50 तक की संख्याओं का योग ज्ञात कीजिए।
हल: सूत्र n(n+1)/2 में n = 50: 50 × 51 / 2 = 1275। उत्तर: 1275
उदाहरण 12: 24² - 23² का मान ज्ञात कीजिए।
हल: सूत्र a² - b² = (a + b)(a - b) से: (24 + 23)(24 - 23) = 47 × 1 = 47। वैकल्पिक: क्रमागत संख्याओं के वर्गों का अंतर उनका योग होता है, 24 + 23 = 47। उत्तर: 47
| भाजक | नियम | उदाहरण |
|---|---|---|
| 2 | इकाई अंक सम | 142 विभाज्य |
| 3 | अंकों का योग 3 का गुणज | 123 (योग 6) |
| 4 | अंतिम दो अंक 4 का गुणज | 128 (28) |
| 5 | इकाई 0 या 5 | 125 विभाज्य |
| 6 | 2 और 3 दोनों से | 156 विभाज्य |
| 9 | अंकों का योग 9 का गुणज | 279 (योग 18) |
| 11 | सम-विषम स्थानों के योग का अंतर | 121 अंतर 0 |
| अंक | आवर्ती | आवर्ती संख्या |
|---|---|---|
| 0, 1, 5, 6 | स्वयं | 1 |
| 4, 9 | 2 अंक | 2 |
| 2, 3, 7, 8 | 4 अंक | 4 |
flowchart TD
A[संख्या आधारित प्रश्न] --> B[इकाई अंक]
A --> C[विभाज्यता]
A --> D[संख्या रहस्य]
B --> B1[आवर्ती विधि]
B --> B2[गुणनफल का इकाई अंक]
C --> C1[2 3 4 5 6 का नियम]
C --> C2[8 9 11 का नियम]
C --> C3[मिश्रित नियम]
D --> D1[वर्गों का योग]
D --> D2[घनों का योग]
D --> D3[दो अंकों की संख्या]
D --> D4[n! में शून्य]
संख्या आधारित प्रश्न एनटीपीसी परीक्षा का एक अनिवार्य अध्याय है जो न केवल स्वयं महत्वपूर्ण है, बल्कि अन्य अध्यायों के प्रश्नों को तेज़ी से हल करने में भी सहायक है। इस अध्याय में हमने इकाई अंक की आवर्ती विधि, विभाज्यता के सभी प्रमुख नियम और संख्या रहस्यों के महत्वपूर्ण सूत्र सीखे। इन विधियों में निपुणता का एकमात्र मार्ग नियमित अभ्यास है। अभ्यर्थी को सलाह दी जाती है कि वह इकाई अंक और विभाज्यता के प्रश्नों को प्रतिदिन हल करे और सूत्रों को कंठस्थ रखे, ताकि परीक्षा में समय बचाकर सटीक उत्तर दिए जा सकें।