विषय: रेलवे NTPC – सामान्य विज्ञान (जीव विज्ञान) अध्याय: 18.8 पादप विज्ञान और प्रकाश संश्लेषण विषय-वस्तु: पादप, प्रकाश संश्लेषण
पादप (पौधे) पृथ्वी पर जीवन के लिए आधारभूत हैं, क्योंकि ये सूर्य के प्रकाश की ऊर्जा को रासायनिक ऊर्जा में परिवर्तित कर भोजन का निर्माण करते हैं। इस प्रक्रिया को प्रकाश संश्लेषण (Photosynthesis) कहते हैं। पादप वायुमंडल से कार्बन डाइऑक्साइड तथा मिट्टी से जल ग्रहण कर सूर्य प्रकाश की उपस्थिति में क्लोरोफिल की सहायता से ग्लूकोज और ऑक्सीजन बनाते हैं। प्रकाश संश्लेषण हरे पौधों, कुछ शैवाल तथा कुछ जीवाणुओं में होता है। प्रकाश संश्लेषण का अध्ययन करने वाला विज्ञान 'फोटोसिंथेसिस' विज्ञान है।
प्रकाश संश्लेषण न केवल पौधों के लिए भोजन बनाता है बल्कि वायुमंडल में ऑक्सीजन भी छोड़ता है, जो सभी जीवों के श्वसन के लिए आवश्यक है। इस प्रक्रिया के बिना पृथ्वी पर उच्च जीवन असंभव होता। प्रकाश संश्लेषण में सूर्य प्रकाश को 'प्रकाश प्रतिक्रिया' में ग्रहण किया जाता है तथा कार्बन स्थिरीकरण 'अंधकार प्रतिक्रिया' में होता है। रेलवे NTPC परीक्षा में प्रकाश संश्लेषण के समीकरण, आवश्यक तत्व, पादप के भागों तथा पादप विकास से संबंधित प्रश्न पूछे जाते हैं।
पादप विज्ञान (बॉटनी) पादपों के अध्ययन का विज्ञान है। पादप के मुख्य अंग हैं—जड़, तना, पत्ती, फूल, फल तथा बीज। पत्ती प्रकाश संश्लेषण का मुख्य अंग है, जिसमें क्लोरोफिल नामक हरित वर्णक होता है। इस अध्याय में पादप संरचना, प्रकाश संश्लेषण, पोषण, श्वसन तथा पादप विकास का विस्तृत अध्ययन किया गया है।
पादप शरीर मुख्यतः दो भागों में विभाजित होता है—वायवीय भाग (तना, पत्तियाँ, फूल) तथा भूमिगत भाग (जड़ें)। पादप के प्रमुख अंग और उनके कार्य निम्न हैं:
पादप की कोशिका संरचना: पादप कोशिका में कोशिका भित्ति, क्लोरोप्लास्ट, बड़ी रिक्तिका तथा केंद्रक होते हैं। क्लोरोप्लास्ट में हरित वर्णक क्लोरोफिल होता है। पादप विज्ञान में 'पेड़-पौधों का अध्ययन बॉटनी' कहलाता है तथा वृक्षों का अध्ययन 'डेंड्रोलॉजी'।
पादप पोषण: हरे पौधे अपना भोजन स्वयं बनाते हैं, इसलिए इन्हें 'स्वपोषी' (Autotrophs) कहते हैं। कवक जैसे जीव परपोषी (Heterotrophs) होते हैं। पादप मिट्टी से नाइट्रोजन, फॉस्फोरस, पोटेशियम जैसे खनिज ग्रहण करते हैं।
प्रकाश संश्लेषण पत्ती के क्लोरोप्लास्ट में होता है। इसकी पूरी प्रक्रिया दो चरणों में विभाजित है—प्रकाश प्रतिक्रिया तथा अंधकार प्रतिक्रिया।
प्रकाश संश्लेषण का समीकरण: 6CO2 + 12H2O → प्रकाश + क्लोरोफिल → C6H12O6 + 6O2 + 6H2O। अर्थात् 6 अणु कार्बन डाइऑक्साइड और 12 अणु जल से 1 अणु ग्लूकोज तथा 6 अणु ऑक्सीजन बनते हैं। मुक्त ऑक्सीजन जल के फोटोलिसिस से आती है, CO2 से नहीं।
प्रकाश संश्लेषण के लिए आवश्यक तत्व: कार्बन डाइऑक्साइड, जल, सूर्य प्रकाश तथा क्लोरोफिल। हरा रंग क्लोरोफिल के कारण होता है, जो लाल तथा नीले प्रकाश को अधिक अवशोषित करता है। प्रकाश संश्लेषण के लिए सबसे उपयुक्त तरंगदैर्घ्य लाल प्रकाश है।
वाष्पोत्सर्जन (Transpiration): पत्तियों के रंध्रों द्वारा जलवाष्प का निष्कासन। यह जल परिवहन तथा पादप के ताप नियंत्रण में सहायक है। रंध्रों का खुलना-बंद होना सुरक्षा कोशिकाओं द्वारा नियंत्रित होता है। वाष्पोत्सर्जन से जड़ों में चूषण बल उत्पन्न होता है।
प्रकाश संश्लेषण के उत्पाद: ग्लूकोज (भोजन) तथा ऑक्सीजन। ग्लूकोज का उपयोग ऊर्जा के लिए श्वसन में होता है तथा अतिरिक्त भाग स्टार्च के रूप में संग्रहीत होता है।
पादप भी श्वसन करते हैं, जिसमें ग्लूकोज का ऑक्सीकरण होकर ऊर्जा मुक्त होती है। पादप श्वसन दिन-रात दोनों समय होता है।
पादप में परिवहन: जाइलम ऊतक जल और खनिज लवणों को जड़ से पत्तियों तक पहुँचाता है, जबकि फ्लोएम ऊतक भोजन को पत्तियों से अन्य भागों तक पहुँचाता है। जाइलम का अध्ययन कहता है कि जल का परिवहन वाष्पोत्सर्जन-चूषण बल द्वारा होता है। फ्लोएम में भोजन का परिवहन 'स्रोत से सिंक' की ओर होता है।
| प्रकाश संश्लेषण का चरण | स्थान | आवश्यकता | उत्पाद |
|---|---|---|---|
| प्रकाश प्रतिक्रिया | ग्रेना (थाइलेकॉइड) | प्रकाश | O2, ATP, NADPH |
| अंधकार प्रतिक्रिया | स्ट्रोमा | ATP, NADPH | ग्लूकोज |
| पादप अंग | मुख्य कार्य |
|---|---|
| जड़ | जल व खनिज अवशोषण |
| तना | परिवहन व सहारा |
| पत्ती | प्रकाश संश्लेषण |
| फूल | जनन |
| रंध्र | गैस विनिमय |
| जाइलम | जल परिवहन |
| फ्लोएम | भोजन परिवहन |
flowchart TD
A[पादप विज्ञान और प्रकाश संश्लेषण] --> B[पादप अंग]
B --> B1[जड़]
B --> B2[तना]
B --> B3[पत्ती]
B --> B4[फूल]
A --> C[प्रकाश संश्लेषण]
C --> C1[प्रकाश प्रतिक्रिया]
C --> C2[अंधकार प्रतिक्रिया]
C --> C3[ग्लूकोज + ऑक्सीजन]
A --> D[आवश्यक तत्व]
D --> D1[CO2]
D --> D2[जल]
D --> D3[प्रकाश]
D --> D4[क्लोरोफिल]
A --> E[पादप क्रियाएँ]
E --> E1[वाष्पोत्सर्जन]
E --> E2[श्वसन]
E --> E3[परिवहन जाइलम-फ्लोएम]
A --> F[हार्मोन]
F --> F1[ऑक्सिन]
F --> F2[जिबरेलिन]
पादप विज्ञान और प्रकाश संश्लेषण जीव विज्ञान का आधार हैं, क्योंकि यह प्रक्रिया पृथ्वी पर ऑक्सीजन तथा भोजन का प्राथमिक स्रोत है। पादप की संरचना, प्रकाश संश्लेषण के दो चरण, वाष्पोत्सर्जन, परिवहन तथा पादप पोषण NTPC परीक्षा के महत्वपूर्ण विषय हैं। समीकरण, स्थान तथा हार्मोनों की सही समझ से इस अध्याय के प्रश्न सरलता से हल होते हैं। नियमित अभ्यास से इस अध्याय में पूर्ण अंक प्राप्त किए जा सकते हैं।